PCS परीक्षा पास कर नायब तहसीलदार बनीं दौलतपुर की बेटी शालू कोरी, जय भगवान सैनी ने किया सम्मानित
दौलतपुर (सुमित सैनी)। गांव दौलतपुर की बेटी शालू कोरी पुत्री सुशील कुमार ने पीसीएस परीक्षा उत्तीर्ण कर नायब तहसीलदार का पद हासिल किया है। शालू की इस सफलता से उनके परिवार के साथ-साथ पूरे गांव और क्षेत्र में खुशी का माहौल है। ग्रामीणों और परिचितों ने शालू को उनकी शानदार उपलब्धि के लिए बधाई देते हुए उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की है। शालू कोरी की सफलता की जानकारी मिलने के बाद पूर्व कलियर विधानसभा प्रत्याशी जय भगवान सैनी अपने समर्थकों के साथ उनके निवास पर पहुंचे। इस दौरान उन्होंने शालू कोरी का पटका पहनाकर और पुष्प भेंट कर सम्मान किया। साथ ही उनके परिवार से मुलाकात कर इस उपलब्धि के लिए शुभकामनाएं दीं।
सम्मान समारोह के दौरान जय भगवान सैनी ने कहा कि गांव की बेटी शालू कोरी ने अपनी मेहनत, लगन और प्रतिभा के दम पर पीसीएस परीक्षा उत्तीर्ण कर नायब तहसीलदार का पद हासिल किया है। उन्होंने कहा कि शालू की सफलता केवल उनके परिवार के लिए ही नहीं, बल्कि पूरे गांव और क्षेत्र के लिए गर्व की बात है। जय भगवान सैनी ने कहा कि ग्रामीण परिवेश से निकलकर एक बेटी का प्रतियोगी परीक्षा में सफलता हासिल करना अपने आप में प्रेरणादायक है। उन्होंने कहा कि शालू कोरी ने यह साबित किया है कि यदि लक्ष्य निर्धारित हो और मेहनत व लगन के साथ तैयारी की जाए तो किसी भी मुकाम को हासिल किया जा सकता है।

उन्होंने कहा कि शालू कोरी ने अपने परिवार का नाम रोशन करने के साथ-साथ गांव दौलतपुर और पूरे क्षेत्र का मान बढ़ाया है। उन्होंने उम्मीद जताई कि शालू भविष्य में भी इसी तरह ईमानदारी और मेहनत के साथ अपने दायित्वों का निर्वहन करते हुए गांव और क्षेत्र का नाम रोशन करती रहेंगी।जय भगवान सैनी ने शालू कोरी को उनके उज्ज्वल भविष्य के लिए शुभकामनाएं देते हुए कहा कि उनकी सफलता गांव की अन्य बेटियों और युवाओं के लिए भी प्रेरणा का स्रोत बनेगी। उन्होंने कहा कि आज के समय में बेटियां शिक्षा और प्रतियोगी परीक्षाओं के क्षेत्र में लगातार आगे बढ़ रही हैं और शालू की उपलब्धि इसका एक प्रेरणादायक उदाहरण है।
वहीं, शालू कोरी की सफलता से उनके परिवार में भी खुशी का माहौल है। परिवार के सदस्यों और ग्रामीणों ने कहा कि शालू ने अपनी मेहनत और लगन से यह मुकाम हासिल किया है। उनकी सफलता से गांव के युवाओं में भी उत्साह देखने को मिल रहा है।ग्रामीणों का कहना है कि शालू कोरी ने सीमित संसाधनों के बीच मेहनत करते हुए पीसीएस जैसी कठिन प्रतियोगी परीक्षा में सफलता प्राप्त की है। उनकी इस उपलब्धि से गांव की बेटियों को भी आगे बढ़ने और उच्च शिक्षा के साथ-साथ प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी करने की प्रेरणा मिलेगी।
शालू कोरी की इस उपलब्धि पर क्षेत्र के लोगों ने उनके पिता सुशील कुमार और पूरे परिवार को भी बधाई दी। लोगों का कहना है कि बेटी की सफलता के पीछे परिवार का सहयोग, मार्गदर्शन और प्रोत्साहन भी महत्वपूर्ण रहा है।दौलतपुर की बेटी शालू कोरी की सफलता ने एक बार फिर यह संदेश दिया है कि प्रतिभा किसी क्षेत्र या परिस्थिति की मोहताज नहीं होती। मेहनत, लगन और दृढ़ इच्छाशक्ति के बल पर ग्रामीण क्षेत्र से निकलकर भी युवा प्रशासनिक सेवाओं में महत्वपूर्ण मुकाम हासिल कर सकते हैं।
शालू कोरी के नायब तहसीलदार बनने की खबर के बाद गांव में बधाई देने वालों का सिलसिला जारी है। ग्रामीणों और शुभचिंतकों ने उम्मीद जताई कि शालू अपने नए दायित्व का पूरी निष्ठा और ईमानदारी के साथ निर्वहन करेंगी और भविष्य में भी अपनी उपलब्धियों से परिवार, गांव और क्षेत्र का नाम रोशन करती रहेंगी।
